India-Bangladesh Relations: बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे हमलों के बीच क्रिकेट की पिच पर भी राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। बीसीसीआई द्वारा बांग्लादेशी तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को रिलीज किए जाने के आदेश पर कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कड़ी आपत्ति जताई है। (India-Bangladesh Relations) थरूर ने फैसले को जल्दबाजी में लिया गया और राजनीतिक रूप से प्रेरित करार दिया है।
India-Bangladesh Relations: राजनीति के मेल पर उठाए गंभीर सवाल
कांग्रेस नेता शशि थरूर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर राय साझा करते हुए बीसीसीआई (BCCI) और केकेआर के कदम की आलोचना की है। (India-Bangladesh Relations) शशि थरूर ने एक तीखा सवाल पूछते हुए कहा, “क्या यही रवैया तब भी अपनाया जाता अगर वह खिलाड़ी लिटन दास या सौम्य सरकार (हिंदू) होते? उन्होंने आगे लिखा कि यह स्पष्ट नहीं है कि इस तरह के फैसलों से सजा किसे दी जा रही है, क्या यह किसी देश को सजा है, खिलाड़ी को है या उसके धर्म को? खेल का राजनीतिकरण करना सही दिशा में उठाया गया कदम नहीं है। उन्होंने जोर देकर कहा कि मुस्तफिजुर रहमान पर न तो नफरत फैलाने वाले बयान देने का आरोप है और न ही वह किसी भी तरह की हिंसा का समर्थन करते हैं।
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9.20 करोड़ की बोली, फिर अचानक रिलीज
वह सिर्फ एक पेशेवर खिलाड़ी हैं, उन पर देश के हालात का बोझ डालना अनुचित है। बता दे कि दिसंबर 2025 में हुए आईपीएल 2026 के मिनी ऑक्शन में कोलकाता नाइट राइडर्स ने मुस्तफिजुर रहमान को 9.20 करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि में खरीदा था। (India-Bangladesh Relations) शुरुआत में केकेआर की गेंदबाजी मजबूत करने वाला फैसला माना गया, लेकिन जल्द ही मुद्दा राजनीतिक विवाद की भेंट चढ़ गया। बांग्लादेश में हिंदुओं पर बढ़ते हमलों के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेताओं और समर्थकों ने रहमान को टीम से हटाने की मांग शुरू कर दी थी। इसी दबाव के बीच बीसीसीआई के कथित निर्देशों के बाद केकेआर ने उन्हें रिलीज करने का फैसला लिया है।
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पड़ोसी देशों को अलग करना समाधान नहीं
पूर्व राजनयिक रह चुके शशि थरूर ने संयम बरतने की सलाह देते हुए कहा कि भारत को ढाका पर अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर कूटनीतिक दबाव बनाना चाहिए। उन्होंने कहा “भारत सरकार लगातार बांग्लादेश से बातचीत कर रही है, अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग कर रही है। (India-Bangladesh Relations) यह संदेश मजबूती से दिया जाना चाहिए, लेकिन खेल के बहिष्कार के जरिए पड़ोसी देशों को अलग-थलग करना कोई रचनात्मक समाधान नहीं है। इस मामले ने तब और तूल पकड़ा जब भाजपा नेता संगीत सोम ने केकेआर के मालिक शाहरुख खान पर तीखा हमला बोला था।
संगीत सोम और शाहरुख खान पर विवाद
सोम ने दावा किया कि एक तरफ बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार हो रहे हैं, दूसरी तरफ वहां के खिलाड़ियों को करोड़ों में साइन किया जा रहा है। (India-Bangladesh Relations) शिवसेना के कुछ नेताओं ने भी इसका समर्थन किया, जिसके बाद विशुद्ध रूप से राजनीतिक मुद्दा बन गया। थरूर ने बयानों का खंडन करते हुए कहा कि यदि हम अपने सभी पड़ोसी देशों के साथ खेल और संपर्क बंद कर देंगे, तो इससे भारत के कूटनीतिक हितों को नुकसान पहुंचेगा। (India-Bangladesh Relations) उन्होंने आह्वान किया कि खेल को खेल की भावना से रहने देना चाहिए और राजनीतिक आक्रोश का शिकार व्यक्तिगत खिलाड़ियों को नहीं बनाया जाना चाहिए।
