By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
नौ दुनिया : देश विदेश की बड़ी खबरेंनौ दुनिया : देश विदेश की बड़ी खबरेंनौ दुनिया : देश विदेश की बड़ी खबरें
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • स्पोर्ट्स
  • राजनीति
  • लाइफ स्टाइल
  • प्रौद्योगिकी
Search
  • About
  • Contact
  • Privacy Policy
© 2025 naudunia.com
Reading: West Bengal Rejinagar Bypoll: रेजीनगर उपचुनाव से पहले ममता की कांग्रेस-वामदलों से एकजुटता की अपील, सियासी हलचल तेज !
Share
Sign In
Notification Show More
Aa
नौ दुनिया : देश विदेश की बड़ी खबरेंनौ दुनिया : देश विदेश की बड़ी खबरें
Aa
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • स्पोर्ट्स
  • राजनीति
  • लाइफ स्टाइल
  • प्रौद्योगिकी
Search
  • विदेश
  • मनोरंजन
  • स्पोर्ट्स
  • राजनीति
  • लाइफ स्टाइल
  • प्रौद्योगिकी
Have an existing account? Sign In
Follow US
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
नौ दुनिया : देश विदेश की बड़ी खबरें > News > राजनीति > West Bengal Rejinagar Bypoll: रेजीनगर उपचुनाव से पहले ममता की कांग्रेस-वामदलों से एकजुटता की अपील, सियासी हलचल तेज !
राजनीति

West Bengal Rejinagar Bypoll: रेजीनगर उपचुनाव से पहले ममता की कांग्रेस-वामदलों से एकजुटता की अपील, सियासी हलचल तेज !

Puja Shrivastava
Last updated: 2026/10/04 at 4:13 अपराह्न
Puja Shrivastava
Share
9 Min Read
West Bengal Rejinagar Bypoll: रेजीनगर उपचुनाव से पहले ममता की कांग्रेस-वामदलों से एकजुटता की अपील, सियासी हलचल तेज !
West Bengal Rejinagar Bypoll: रेजीनगर उपचुनाव से पहले ममता की कांग्रेस-वामदलों से एकजुटता की अपील, सियासी हलचल तेज !
SHARE

West Bengal Rejinagar Bypoll: पश्चिम बंगाल में 6 अक्टूबर को होने वाले रेजीनगर विधानसभा उपचुनाव का प्रचार अंतिम दौर में पहुंच गया है और इसके साथ ही राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। मुस्लिम बहुल रेजीनगर में सत्तारूढ़ BJP को चुनौती दे रही ममता बनर्जी की अगुवाई वाली ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस ने अब कांग्रेस और वामदलों से चुनावी एकजुटता की अपील की है। पार्टी का कहना है कि भले ही कोई औपचारिक गठबंधन नहीं है, लेकिन मतदान के दिन बूथों और मतदाताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए विपक्षी दलों को साथ खड़ा होना चाहिए।

TMC प्रवक्ता कुणाल घोष ने कहा कि कांग्रेस और CPI(M) के साथ चुनावी गठबंधन नहीं होने से विपक्षी वोटों का विभाजन संभव है, लेकिन पोलिंग बूथों की सुरक्षा और लोगों के मतदान के अधिकार को बचाना सभी विपक्षी दलों की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने BJP पर बूथ कब्जाने की कोशिश करने की आशंका जताई। हालांकि BJP ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इन्हें चुनाव से पहले हार की आशंका में बनाया गया राजनीतिक नैरेटिव बताया है।

अधीर रंजन ने TMC को दिया ‘वोट’ वाला जवाब

TMC की अपील पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अधीर रंजन चौधरी ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि वह लंबे समय से विपक्षी एकजुटता की बात करते रहे हैं और आरोप लगाया कि अतीत में सत्तारूढ़ दल के कार्यकर्ताओं द्वारा विपक्षी एजेंटों को बूथ से हटाने की घटनाएं हुई हैं।

- Advertisement -

चौधरी ने सीधे TMC समर्थकों से कांग्रेस उम्मीदवार के पक्ष में मतदान करने की अपील कर दी। उनका तर्क है कि लोकतंत्र को बचाने के लिए BJP के खिलाफ वोटों का विभाजन रोकना जरूरी है। यह बयान इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि रेजीनगर बहरामपुर लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है, जहां अधीर रंजन चौधरी लंबे समय तक कांग्रेस का सबसे बड़ा चेहरा रहे हैं।

लेकिन यहां बंगाल की राजनीति का बड़ा विरोधाभास भी सामने आता है। TMC और कांग्रेस राज्य में एक-दूसरे के राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी हैं, लेकिन BJP के खिलाफ दोनों को एक-दूसरे के समर्थन की जरूरत महसूस हो रही है। नंदीग्राम में भी ममता बनर्जी ने कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को समर्थन दिया है। यानी उपचुनावों में BJP के खिलाफ रणनीतिक विपक्षी तालमेल का एक नया प्रयोग दिखाई दे रहा है।

रेजीनगर में मुस्लिम वोट सबसे बड़ा फैक्टर

रेजीनगर की चुनावी राजनीति को समझने के लिए यहां की सामाजिक संरचना सबसे महत्वपूर्ण है। उपलब्ध चुनावी विश्लेषणों के मुताबिक, सीट पर मुस्लिम मतदाताओं की हिस्सेदारी करीब 65-70 फीसदी के आसपास है। ऐसे में TMC, कांग्रेस, CPI(M), AJUP और TMC के बागी धड़े के बीच वोटों का बंटवारा चुनाव का नतीजा बदल सकता है।

यही वजह है कि TMC के लिए BJP को हराने से पहले अपने पारंपरिक अल्पसंख्यक वोट बैंक को एकजुट रखना बड़ी चुनौती है। कांग्रेस और लेफ्ट के उम्मीदवार मैदान में होने से मुस्लिम वोटों में विभाजन का खतरा TMC के खिलाफ जा सकता है। दूसरी तरफ BJP इसी समीकरण को तोड़ने की कोशिश कर रही है।

BJP ने बदली रणनीति, ‘धर्म’ से ज्यादा विकास पर जोर

रेजीनगर में BJP उम्मीदवार शंखारव सरकार के पक्ष में पार्टी ने अंतिम दिनों में अपना अभियान तेज कर दिया है। BJP प्रदेश अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने हालिया रैली में मुस्लिम बहुल इलाके में विकास और रोजगार पर जोर दिया। रिपोर्टों के मुताबिक पार्टी अब यहां धार्मिक मुद्दों के बजाय विकास, रोजगार, अस्पताल, पुल और कॉलेज जैसे स्थानीय मुद्दों को आगे कर रही है।

मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी भी रेजीनगर में ’70:30′ के कथित सांप्रदायिक नैरेटिव को खारिज करते हुए BJP के विकास एजेंडे पर वोट मांग चुके हैं।

उन्होंने दावा किया कि सरकारी योजनाओं का लाभ अल्पसंख्यक समुदाय तक भी पहुंचा है और मतदाताओं से BJP के पक्ष में बड़ी संख्या में मतदान करने की अपील की।इससे साफ है कि BJP इस बार रेजीनगर में केवल अपने पारंपरिक वोट पर निर्भर नहीं रहना चाहती। पार्टी की कोशिश मुस्लिम बहुल सीट पर TMC के एकतरफा वोट बैंक में सेंध लगाने की है।

हुमायूं कबीर फैक्टर से मुकाबला और पेचीदा

रेजीनगर उपचुनाव का एक बड़ा फैक्टर पूर्व TMC नेता और आम जनता उन्नयन पार्टी (AJUP) प्रमुख हुमायूं कबीर भी हैं। 2026 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने रेजीनगर और नौदा दोनों सीटों पर जीत दर्ज की थी।

बाद में नौदा सीट अपने पास रखने के लिए उन्होंने रेजीनगर से इस्तीफा दिया, जिसके कारण उपचुनाव हो रहा है। कबीर और उनके बेटे गोलाम नबी आजाद की चुनावी सक्रियता को लेकर भी विवाद रहा है। पुलिस पूछताछ और पार्टी कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी के आरोपों के बीच कबीर ने जमीनी प्रचार से दूरी बनाने की बात कही थी। हालांकि चुनाव के अंतिम दौर में उनकी पार्टी चुनाव मैदान में बनी हुई है।

इसका सीधा असर मुस्लिम वोटों के समीकरण पर पड़ सकता है। TMC के अलावा AJUP, कांग्रेस, CPI(M) और TMC के बागी धड़े के उम्मीदवार भी मैदान में हैं। इससे विपक्षी वोटों का बिखराव BJP के लिए संभावित फायदा बन सकता है।

TMC उम्मीदवार भी आखिरी समय में पलटे थे

ममता खेमे के उम्मीदवार रबीउल आलम चौधरी ने नामांकन वापस लेने का ऐलान किया था, लेकिन कुछ ही घंटों बाद वह चुनाव मैदान में वापस लौट आए। उन्होंने नए चुनाव चिन्ह को लेकर मतदाताओं में भ्रम की आशंका जताई थी। बाद में ममता बनर्जी और पार्टी नेतृत्व के हस्तक्षेप के बाद उन्होंने चुनाव लड़ने का फैसला बरकरार रखा।

दरअसल, 2026 के विधानसभा चुनाव के बाद TMC में विभाजन और चुनाव चिन्ह को लेकर विवाद ने रेजीनगर के चुनाव को और जटिल बना दिया है। चुनाव आयोग ने ममता खेमे को नया नाम और ‘फुटबॉल खिलाड़ी’ वाला चुनाव चिन्ह दिया है, जबकि दूसरे धड़े को अलग नाम और प्रतीक मिला है। इस वजह से मतदाताओं के बीच चुनाव चिन्ह की पहचान भी एक मुद्दा बन गई है।

अब मुकाबला किस ओर जाता दिख रहा है?

रेजीनगर में फिलहाल तस्वीर किसी एकतरफा मुकाबले की नहीं है। TMC का सबसे बड़ा लक्ष्य मुस्लिम वोटों को अपने पक्ष में बनाए रखना है। कांग्रेस और लेफ्ट अपने पुराने आधार को वापस हासिल करने की कोशिश में हैं। AJUP अपने प्रभाव को बनाए रखना चाहता है, जबकि BJP पहली बार इस तरह की मुस्लिम बहुल सीट पर अपने वोट आधार का विस्तार करने की कोशिश कर रही है।

यही वजह है कि TMC की ओर से “बूथ बचाने” के लिए कांग्रेस-लेफ्ट को साथ आने की अपील को केवल कानून-व्यवस्था का मुद्दा मानना अधूरा होगा। इसके पीछे चुनावी गणित भी है कि विपक्षी वोटों का बंटवारा कम हो, BJP को इसका फायदा न मिले और TMC का अल्पसंख्यक वोट बैंक उसके साथ बना रहे।

6 अक्टूबर को मतदान और 9 अक्टूबर को नतीजे इस बात का पहला बड़ा संकेत देंगे कि पश्चिम बंगाल में BJP सरकार बनने के बाद विपक्ष की रणनीति कितनी प्रभावी है और क्या TMC अभी भी मुस्लिम बहुल इलाकों में अपना पुराना राजनीतिक प्रभाव कायम रख पाई है। रेजीनगर का परिणाम इसलिए भी अहम होगा क्योंकि यह सिर्फ एक विधायक चुनने का चुनाव नहीं, बल्कि BJP बनाम बिखरे विपक्ष और TMC के घटते-बढ़ते प्रभाव का शुरुआती टेस्ट बन चुका है।

You Might Also Like

Mamata Banerjee, Bengal Politics: बंगाल कांग्रेस ने ममता बनर्जी को 21 जुलाई के कार्यक्रम में दिया न्योता, रखी एक बड़ी शर्त!

ममता बनर्जी को झटका! बागी सांसदों की सूची में शामिल हुईं सयानी घोष, जानिए कितनी है उनकी संपत्ति

Rahul Gandhi: कर्नाटक में 6018 नाम हटाए गए, राहुल गांधी का बड़ा आरोप, चुनाव आयोग कर रहा है वोट चोरी में सहयोग

Rahul Gandhi: विदेशी जमीन से राहुल गांधी ने भारतीय चुनाव प्रक्रिया पर उठाए सवाल; ECI की मंशा पर जताया संदेह

Kangna Ranaut Birthday: नेपोटिज्म, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक मुद्दों पर अपनी मुखर अभिव्यक्ति के तौर पर खास पहचान रखती हैं कंगना रनौत

TAGGED: #Mamata Banerjee, #West Bengal

Sign Up For Daily Newsletter

Be keep up! Get the latest breaking news delivered straight to your inbox.

By signing up, you agree to our Terms of Use and acknowledge the data practices in our Privacy Policy. You may unsubscribe at any time.
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
Previous Article World Animal Day 1 World Animal Day 2026: 4 अक्टूबर को क्यों मनाया जाता है विश्व पशु दिवस? जानें इसका महत्व
Leave a comment Leave a comment

प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Latest News

World Animal Day 1
World Animal Day 2026: 4 अक्टूबर को क्यों मनाया जाता है विश्व पशु दिवस? जानें इसका महत्व
Blog 4 घंटे ago
Jailer 2 Trailer: Rajinikanth की ‘जेलर 2’ के ट्रेलर पर आया बड़ा अपडेट, जानिए कब होगा रिलीज?
Jailer 2 Trailer: Rajinikanth की ‘जेलर 2’ के ट्रेलर पर आया बड़ा अपडेट, जानिए कब होगा रिलीज?
मनोरंजन 5 घंटे ago
2050680 whatsapp image 2026 10 04 at 082052
Asian Games 2026: पाकिस्तान पर दिलीप घोष का करारा तंज, बोले- हर मोर्चे पर भारत से हारता है पड़ोसी देश !
राष्ट्रीय समाचार स्पोर्ट्स 5 घंटे ago
WhatsApp Image 2026 09 26 at 11.01.16 AM 6
Flydubai Flight: फ्लाइदुबई प्लेन मामले में बड़ा खुलासा, UAE ने आतंकी हमला बताया; को-पायलट के जिहादी कनेक्शन की जांच
विदेश 1 दिन ago
WhatsApp Image 2026 09 26 at 11.01.16 AM 5
Flydubai Flight FZ1073 terror attack: फ्लाइदुबई प्लेन मामले में बड़ा खुलासा, UAE ने आतंकी हमला बताया; को-पायलट के जिहादी कनेक्शन की जांच
विदेश 1 दिन ago
WhatsApp Image 2026 09 26 at 11.01.16 AM 4
Flydubai Flight Attack: ‘इस्लामिक कट्टरपंथी ट्रेंड था को-पायलट’, फ्लाईदुबई फ्लाइट में हमले के बाद नेतन्याहू का बड़ा दावा, ईरान एंगल की भी जांच
विदेश 1 दिन ago
नौ दुनिया : देश विदेश की बड़ी खबरेंनौ दुनिया : देश विदेश की बड़ी खबरें
Follow US
© 2025 All Rights Reserved.
  • Home
  • Privacy Policy
  • Contact
  • About
adbanner
AdBlock Detected
Our site is an advertising supported site. Please whitelist to support our site.
Okay, I'll Whitelist
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?